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Date of publication : 6/12/2016 17:23
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आईएस के ख़ातमें के बाद अमेरीका के इराक़ में बाक़ी रहने पर इराक़ ने जताई कड़ी प्रतिक्रिया।

इराक़ी प्रधानमंत्री के कार्यालय के प्रवक्ता ने कहा है कि देश में आईएस के विनाश के बाद अमेरीकी गठबंधन के सैनिकों के देश में बाक़ी रहने के बारे में कोई फ़ैसला नहीं किया गया है।

विलायत पोर्टलः इराक़ी प्रधानमंत्री के कार्यालय के प्रवक्ता ने कहा है कि देश में आईएस के विनाश के बाद अमेरीकी गठबंधन के सैनिकों के देश में बाक़ी रहने के बारे में कोई फ़ैसला नहीं किया गया है। अमेरीका के रक्षामंत्री एश्टन कार्टर ने पिछले शनिवार को इराक़ में अमेरीका और उसके घटक सैनिकों के बाक़ी रहने की आवश्यकता पर ज़ोर देते हुए कहा था कि अगर इराक़ में आईएस पराजित हो जाता है तब भी इराक़ से अमेरीका के निकलने का कोई इरादा नहीं है। हमारे संवाददाता की रिपोर्ट के अनुसार, प्रधानमंत्री हैदर अलएबादी के कार्यालय के प्रवक्ता साद अलहदीसी ने अमेरीकी रक्षामंत्री के बयान पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि देश के प्रधानमंत्री हैदर अलएबादी अपने अधिकारों के आधार पर अमेरीकी गठबंधन और बग़दाद के संबंधों के भविष्य के बारे में फ़ैसला करेंगे। यह ऐसी स्थिति में है कि इराक़ की संयुक्त सेनाएं मूसिल में आईएस के आतंकियों पर विजय प्राप्त करने के निकट हैं और अमेरीका, आईएस के बाद भी इराक़ में अपने सैनिकों को बाक़ी रखने के कोशिश में है। अमेरीका ने हालिया दो वर्ष के दौरान इराक़ में अपने पांच हज़ार सैनिक भेजे हैं जो इराक़ी सैनिकों को ट्रेनिग देने के बजाए आईएस की मदद कर रहे हैं और इस तरह अमेरीकी सैनिकों ने कुछ शहरों से आईएस के सरग़नों को मुक्ति दिलाई है।
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तेहरान रेडियो


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