हिंदुस्तान में सुप्रीम लीडर के प्रतिनिधि का दफ़तर
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کد خبر : 62203
تاریخ انتشار : 5/11/2014 23:1
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पश्चिमी मीडिया के दावे निराधार और मनगढ़त।

राष्ट्रीय सुरक्षा और विदेश मामलों के संसदीय आयोग के प्रमुख अलाउद्दीन बुरुजर्दी ने मंगलवार को पश्चिमी मीडिया में आने वाली उन रिपोर्टों को खारिज कर दिया जिनके अनुसार ईरान की वार्ता टीम केंद्रीय फ्यूज मशीनों की संख्या में कमी पर तैयार हो गई है।

अहलेबैत (अ) समाचार एजेंसी अबना की रिपोर्ट के अनुसार राष्ट्रीय सुरक्षा और विदेश मामलों के संसदीय आयोग के प्रमुख अलाउद्दीन बुरुजर्दी ने मंगलवार को पश्चिमी मीडिया में आने वाली उन रिपोर्टों को खारिज कर दिया जिनके अनुसार ईरान की वार्ता टीम केंद्रीय फ्यूज मशीनों की संख्या में कमी पर तैयार हो गई है। उन्होंने कहा कि ग्रुप 5+1 के साथ वार्ता में मतभेद का एक प्रमुख कारण केंद्रीय फ़्यूज मशीनों की संख्या है, इसलिए अगर संख्या कम करने पर ईरान तैयार हो गया होता तो अब तक परमाणु करार हो जाती। संसदीय आयोग के प्रमुख ने कहा कि केंद्रीय फ्यूज मशीनों की संख्या में कमी के संबंध में पश्चिमी मीडिया का प्रचार एक राजनीतिक शैतनत है और हर तरह की अटकलों से बचते हुए नतीजे का इंतेज़ार किया जाना चाहिए।अलाउद्दीन बुरुजर्दी ने कहा कि ईरान, अमरीका और यूरोपीय संघ की विदेश नीति के प्रमुख के बीच त्रिपक्षीय वार्ता अंतिम समझौते के संबंध में निर्णायक साबित हो सकते हैं। संसदीय आयोग के प्रमुख ने कहा कि यूरेनियम संवर्धन के संबंध में ईरान का रुख यह है कि देश की आंतरिक जरूरतों के अनुसार केंद्री फ्यूज मशीनों की संख्या में कमी नहीं आनी चाहिए। दूसरी ओर वरिष्ठ परमाणु वार्ता कार अब्बास एराक़ची ने कहा कि ईरान के विदेश मंत्री मुहम्मद जवाद ज़रीफ़, अमेरिका विदेशमंत्री जान केरी और यूरोपीय यूनियन की विदेश नीति की प्रमुख कैथरीन इश्टोन के बीच आगामी 9 और 10 नवंबर को मस्कट में वार्ता होंगी जबकि ग्रुप 5+1 के साथ परमाणु वार्ता 11 नवम्बर को होगी। त्रिपक्षीय बैठक में खासकर यूरेनियम संवर्धन स्तर और ईरान पर लगाए गए अवैध प्रतिबंधों को ख़त्म किये जाने के बारे में बातचीत होगी।


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